एक आसमान का तारा था
उसे मुझसे कोई निस्बत थी
ये जताने के लिए वो अक्सर
मेरे पास से होकर गुजरता था
ये बहुत पहले की बात है।
शायद पिछले जन्म की ?
वो मुझसे हंस हंस कर बतियाता था
अक्सर मेरे पास घंटों बैठकर
कुछ भी कहता था
मैं भी- वो भी, कभी किसी बात पर
खूब हंसते थे
उसे मुझसे कोई निस्बत थी
उसने मुझसे बस यही बात नहीं कही।
औरों से उसने अक्सर ये कह दिया कि
उसको मुझसे मोहब्बत है!!!
इस बात पर
उसको पिता से देसनिकाला मिला!
ये बात भी उसने मुझसे ना कहा
बात सितारे की थी,
मैं कैसे समझ भी पाता कि
उसको मुझसे ही कोई निस्बत है!
उसने पिता का आदेश स्वीकार कर
अपने हिस्से के आसमां में
कहीं गुम हो गई।
ये बहुत पहले की बात है
शायद पिछले जन्म की
या इसी जन्म की
ठीक से याद नहीं आता
उसको गए इतने बरसों बाद
ये बात जब किसी ने मुझसे बताया
तब मुझे यह मालूम हुआ कि
वो आसमान का एक सितारा था
उसे मुझसे ही कोई निस्बत थी
ये जताने के लिए वो अक्सर
मेरे पास से होकर गुजरता था।
ये बहुत पहले की बात है
शायद पिछले जन्म की,
शायद इसी जन्म की ?
ठीक से याद नहीं आता ......।
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